सूरजपुर जिले में इंसान और हाथियों के बीच संघर्ष एक बार फिर भयावह रूप में सामने आया है। शुक्रवार देर रात भटगांव थाना क्षेत्र के कपसरा बिसाही पोड़ी गांव में हाथियों के झुंड ने खेत में फसल की रखवाली कर रहे किसान दंपत्ति पर हमला कर उन्हें कुचल डाला। इस दर्दनाक घटना ने पूरे गांव को दहशत में डाल दिया है।
ग्रामीणों के अनुसार, किसान कबिलास राजवाड़े और उनकी पत्नी धनियारो अपने खलिहान में फसल की रखवाली के लिए सोए हुए थे। रात करीब 2 बजे हाथियों का झुंड खेतों में घुस आया। उन्होंने जैसे ही दंपत्ति को देखा, वे आक्रामक हो गए। दंपत्ति संभल पाते उससे पहले ही हाथियों ने उन्हें अपनी चपेट में ले लिया और बुरी तरह कुचल दिया।
सुबह जब ग्रामीण खेतों की ओर गए, तो दंपत्ति के क्षत-विक्षत शव खेत में पड़े मिले। गांव वालों ने तुरंत पुलिस और वन विभाग को सूचना दी। वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और पंचनामा तैयार कर शवों को कब्जे में लिया।
राज्य सरकार के प्रावधानों के अनुसार, वन्यजीव हमले में मौत होने पर मुआवजा दिया जाता है। अकसर यह राशि 6 लाख रुपये या उससे अधिक होती है। मुआवजा पाने के लिए मृतकों के परिजनो को विवाह प्रमाणपत्र, पंचायत द्वारा जारी प्रमाणपत्र और अन्य कानूनी दस्तावेज जमा करने होते हैं।
हाथी प्रभावित क्षेत्रों में ग्रामीणों को अतिरिक्त सावधानी रखने की अपील की गई है—
वन विभाग के अलर्ट को हमेशा गंभीरता से लें
हाथियों के झुंड की सूचना मिलते ही सुरक्षित स्थान पर चले जाएं
हाथी दिखने पर तुरंत वन विभाग को खबर दें
शोर, मशाल और पटाखों का उपयोग कर हाथियों को दूर रखने का प्रयास करें
हाथियों के करीब न जाएं और न ही उनका पीछा करें
प्रदेश में लगातार बढ़ रही मानवीय-हाथी संघर्ष की घटनाएं
सूरजपुर और आसपास के इलाकों में पिछले वर्षों में हाथियों के हमले लगातार बढ़ते जा रहे हैं:
28 नवंबर 2025: सूरजपुर वन मंडल में हाथियों ने गांव में भारी तबाही मचाई
25 नवंबर 2025: तमनार में 1 साल के हाथी के शावक की डूबकर मौत
16 जून 2025: रामानुजगंज में महिला को हाथियों ने कुचला, एक ग्रामीण घायल
23 जुलाई 2025: रायगढ़ में 3 लोगों की हाथियों ने कुचलकर हत्या, जिसमें एक 3 साल बच्चा भी शामिल
8 अगस्त 2023: जशपुर में एक ग्रामीण की हाथी हमले में मौत
10 सितंबर 2023: हाथी हमले में 2 ग्रामीणों की मौत
24 जून 2019: कोरबा में हाथियों ने ग्रामीण को कुचलकर मार डाला









