रायपुर: छत्तीसगढ़ में सरगुजा ओलिंपिक और कर्मचारी चयन मंडल कानून को लेकर सियासी बयानबाज़ी तेज हो गई है। विष्णु देव साय ने कांग्रेस के आरोपों पर कड़ा पलटवार करते हुए कहा कि जिन लोगों ने पांच वर्षों तक केवल भ्रष्टाचार किया, उन्हें वर्तमान सरकार को नसीहत देने का कोई अधिकार नहीं है।
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि कांग्रेस शासनकाल में जनता से किए गए वादे पूरे नहीं हुए। उन्होंने आरोप लगाया कि जनादेश मिलने के बावजूद भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस प्रदेशवासियों को न्याय दिलाने में विफल रही, यहां तक कि अपने ही लोगों को संतुष्ट नहीं कर सकी।
युवाओं पर सरकार का फोकस
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार युवाओं के भविष्य को सुरक्षित और पारदर्शी बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। उनके अनुसार, छत्तीसगढ़ कर्मचारी चयन मंडल कानून भर्ती प्रक्रिया को अधिक व्यवस्थित, पारदर्शी और समयबद्ध बनाएगा। वहीं, सरगुजा ओलिंपिक जैसे आयोजन युवाओं को आगे बढ़ने और अपनी खेल प्रतिभा दिखाने का मंच प्रदान कर रहे हैं।
“जनता का विश्वास ही ताकत”
साय ने कांग्रेस के आरोपों को निराधार बताते हुए कहा कि उनकी सरकार सुशासन, पारदर्शिता और विकास के संकल्प के साथ काम कर रही है। उन्होंने कहा कि प्रदेशवासियों का विश्वास ही उनकी सबसे बड़ी ताकत है।









