रायपुर। छत्तीसगढ़ में मौसम विभाग ने अगले तीन दिनों में तापमान में 1 से 2 डिग्री तक बढ़ोतरी की संभावना जताई है। पिछले तीन-चार दिनों में ठंड में कुछ कमी देखी गई है और राज्य के अधिकांश जिलों में न्यूनतम तापमान में हल्की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। हालांकि, तीन दिन बाद फिर से ठंड बढ़ने की संभावना है।
मौसम विभाग के अनुसार, सरगुजा, बिलासपुर और दुर्ग संभाग के कुछ हिस्सों में शीतलहर चल सकती है, जिससे हाइपोथर्मिया का खतरा बढ़ सकता है। रायगढ़ में सुबह और शाम कड़ाके की ठंड बनी हुई है और गर्म कपड़ों की दुकानों में लोगों की भीड़ बढ़ गई है।मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार, दुर्ग मैदानी इलाकों में सबसे ठंडा रहा। पिछले तीन दिनों में न्यूनतम तापमान 10°C से बढ़कर 13.6°C हो गया। रायपुर में न्यूनतम तापमान 13°C से बढ़कर लगभग 16°C तक पहुंचा।
राज्य में पिछले 24 घंटों में अधिकतम तापमान 31.2°C (रायपुर) और न्यूनतम तापमान 09.9°C (अंबिकापुर) रिकॉर्ड किया गया। चार दिन पहले अंबिकापुर का तापमान 6°C तक पहुंच गया था, जो पिछले दस वर्षों में नवंबर महीने में पहली बार दर्ज हुआ।ठंड से बचाव के लिए रायगढ़ नगर निगम ने 9 जगह अलाव की व्यवस्था की है। इन स्थानों में मेडिकल कॉलेज परिसर में 2 जगह, चक्रधर नगर ऑटो पार्किंग, रामनिवास टॉकीज चौक, रेलवे स्टेशन, अशर्फी देवी अस्पताल, जिला अस्पताल, केवड़ा बाड़ी बस स्टैंड, मिनी माता चौक और शनि मंदिर के पास अलाव लगाए गए हैं।
रात के वक्त इन स्थानों पर लोगों का आवागमन ज्यादा रहता है, इसलिए विशेष रूप से अलाव की व्यवस्था की गई है।जिले के ग्रामीण और जंगल इलाके शहर की तुलना में अधिक ठंड वाले हैं। लैलूंगा, कापू, छाल और धरमजयगढ़ जैसे क्षेत्रों में लोग शाम ढलने के बाद घर में दुबककर रहते हैं और ठंड से बचने के लिए गरम कपड़े और अलाव का सहारा लेते हैं।मौसम विज्ञान केंद्र के रिकॉर्ड बताते हैं कि नवंबर महीने में कभी-कभी कड़कड़ाती ठंड तो कभी तेज गर्मी और बारिश देखने को मिली है। 2 नवंबर 1935 को राज्य में सबसे अधिक अधिकतम तापमान 35.6°C और 22 नवंबर 1883 को सबसे कम न्यूनतम तापमान 8.3°C दर्ज किया गया था।










