रायपुर: राज्य सरकार ने प्रशासनिक पारदर्शिता, समयपालन और कार्यकुशलता को मजबूत बनाने के उद्देश्य से मंत्रालय महानदी भवन में सभी विभागों में आधार-आधारित बायोमेट्रिक उपस्थिति प्रणाली (AEBAAS) अनिवार्य कर दी है। यह व्यवस्था सोमवार से ही लागू हो गई है।
सामान्य प्रशासन विभाग (GAD) के आदेश के अनुसार, अवर सचिव और उनसे वरिष्ठ सभी अधिकारियों को कार्यालय में प्रवेश और प्रस्थान के समय अपनी उपस्थिति दर्ज करानी होगी। कर्मचारी स्मार्टफोन पर आधार-आधारित फेसियल वेरिफिकेशन या प्रवेश द्वार पर स्थापित बायोमेट्रिक डिवाइस/थम्ब स्कैनर के माध्यम से उपस्थिति दर्ज कर सकते हैं।
मुख्य सचिव विकास शील ने बैठक में अधिकारियों को निर्देश दिए कि समयपालन सर्वोच्च प्राथमिकता है और किसी भी प्रकार की लापरवाही को गंभीरता से लिया जाएगा। ट्रायल रन 20 नवंबर से शुरू हो चुका था और 1 जनवरी 2026 से यह व्यवस्था सभी संचालनालयों और विभागाध्यक्ष कार्यालयों में भी लागू हो जाएगी।
किसानों की आय बढ़ाने और दलहन-तिलहन उत्पादन को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से प्रधानमंत्री अन्नदाता आय संरक्षण अभियान (PM Asha योजना)** के तहत समर्थन मूल्य पर फसलों की खरीदी आज से शुरू हो गई है।
सहकारी समितियों के माध्यम से होने वाली खरीदी से किसानों को सीधे लाभ मिलेगा। खरीदी का कार्यक्रम इस प्रकार है:
मूंग, उड़द, मूंगफली और सोयाबीन: 1 दिसंबर से 28 फरवरी
अरहर और सरसों: 15 फरवरी से 15 मई
चना और मसूर: 1 मार्च से 30 मई
खरीदी के लिए NAFED उपार्जन एजेंसी के रूप में कार्य करेगी। किसानों को लाभ लेने के लिए कृषि विभाग के एकीकृत किसान पोर्टल पर अनिवार्य पंजीकरण कराना होगा। पंजीकरण डेटा के आधार पर उपार्जन और भुगतान की प्रक्रिया सुचारू रूप से संचालित की जाएगी।










