रायपुर: छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में होली का त्यौहार अपराध की भेंट चढ़ गया। शहर के अलग-अलग थाना क्षेत्रों- आरंग, विधानसभा और खरोरा में महज एक दिन के भीतर हत्या की तीन सनसनीखेज वारदातें सामने आईं। पुलिस के अनुसार, इन सभी वारदातों के पीछे मुख्य वजह नशा और आपसी विवाद रहा है। रायपुर ग्रामीण पुलिस अधीक्षक श्वेता श्रीवास्तव सिन्हा ने पुष्टि की है कि पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए तीनों मामलों के सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
1. खरोरा: डांस के दौरान विवाद, मां ने युवक को उतारा मौत के घाट
ग्राम माठ (खरोरा थाना) में होली के जश्न के दौरान नाचने की बात को लेकर विवाद शुरू हुआ। डांस के दौरान एक नाबालिग बच्चे के साथ मारपीट की गई। अपने बच्चे के साथ हुई मारपीट से आक्रोशित होकर महिला आरोपी हीराबाई पटेल ने दो नाबालिगों के साथ मिलकर मोहित धीवर पर चाकू से हमला कर दिया, जिससे उसकी मौत हो गई।
2. विधानसभा क्षेत्र: चरित्र शंका में भाई ने भाई का किया कत्ल
ग्राम मटिया (विधानसभा थाना) में एक पारिवारिक विवाद खूनी संघर्ष में बदल गया। आरोपी कमलेश विश्वकर्मा को अपनी पत्नी के चरित्र पर शक था। विवाद तब बढ़ा जब उसका भाई दिनेश कुमार विश्वकर्मा अपनी भाभी को इलाज के लिए अस्पताल ले गया था। चरित्र शंका के चलते कमलेश और अखिलेश विश्वकर्मा ने अपने सगे भाई दिनेश के सिर पर डंडे से ताबड़तोड़ वार किए, जिससे मौके पर ही उसकी जान चली गई।
3. आरंग: रंग लगाने के बहाने बदतमीजी और फिर हत्या
आरंग थाना क्षेत्र में एक 18 वर्षीय युवक की बेरहमी से हत्या कर दी गई। मृतक नीरज लोधी अपने दोस्तों के साथ घूमने निकला था। इसी दौरान कुछ युवकों ने रंग लगाने के बहाने बदतमीजी की। जब नीरज ने इस व्यवहार का विरोध किया, तो आरोपियों ने चाकू निकालकर उसके सीने पर वार कर दिया। गंभीर चोट के कारण नीरज की मृत्यु हो गई।
रायपुर पुलिस का कहना है कि होली के दौरान सुरक्षा के कड़े इंतजाम थे, लेकिन नशे की हालत में आवेश में आकर इन घटनाओं को अंजाम दिया गया है।









