सुकमा-मलकानगिरी। प्रदेश की सीमा से लगे मलकानगिरी जिले के एमव्ही 26 गांव में पिछले कुछ दिनों से माहौल तनावपूर्ण है। 1 दिसंबर को आदिवासी समाज की 50 वर्षीय महिला लाके पोड़ियामी की हत्या कर दी गई, और चार दिन बाद उसका शव बिना सिर के बरामद हुआ। इस घटना ने पूरे गांव और आसपास के आदिवासी समाज में गुस्से की लहर पैदा कर दी।
महिला के शव की बरामदगी और आरोपियों की गिरफ्तारी में देरी के कारण ग्रामीण उग्र हो गए। 7 दिसंबर को पुलिस जांच में गई तो लोगों ने घरों में तोड़फोड़ की। अगले दिन करीब 5,000 से अधिक लोग गांव में पहुंचे और 180 में से 163 घरों में आग लगा दी, घरों में रखे फ्रीज, एसी और अन्य सामान जलाया गया, एक घर में गैस सिलेंडर ब्लास्ट हो गया।
जानकारी के अनुसार महिला पिछले दो सालों से सरकारी खेत पर खेती कर रही थी। वही खेत किसी अन्य व्यक्ति के कब्जे में लेने की कोशिश में था। इसी विवाद को लेकर महिला की हत्या की गई मानी जा रही है।
मलकानगिरी आदिवासी महासभा ने 7 सूत्रीय मांगें रखी हैं, जिनमें आरोपी को 30 दिन के भीतर फांसी की सजा, 30 लाख रुपये का मुआवजा, जमीन की रजिस्ट्री, शरणार्थियों को जिले से बाहर करना, आगजनी और तोड़फोड़ में किसी आदिवासी समुदाय के खिलाफ कार्रवाई न हो, एव्ही 26 गांव को हटाया जाए, शामिल हैं।
मलकानगिरी विधायक नरसिम्मा और जिला प्रशासन लगातार दोनों पक्षों को शांत रहने और आपसी भाईचारा बनाए रखने की अपील कर रहे हैं। 9 दिसंबर को कलेक्टर और एसपी गांव में पहुंचे और विभिन्न समुदायों के लोगों के साथ बैठक कर समझाइश दी।
महिला के शव का अंतिम संस्कार कर दिया गया है, लेकिन गांव और आसपास का माहौल अब भी तनावपूर्ण है। पुलिस ने 5,000 जवानों की तैनाती कर सुरक्षा व्यवस्था मजबूत की है। प्रशासन और जनप्रतिनिधि लगातार शांति बहाली के प्रयास में लगे हैं।









