दुर्ग। जिले में गरबा और डांडिया पंडालों के दौरान श्रद्धालुओं से सोना-चांदी और नकदी मांगने का मामला सामने आया है। आरोप है कि रायपुर से आई कुछ युवतियां अलग-अलग गरबा पंडालों में पहुंचकर माता आने का भ्रम पैदा करती थीं और फिर माता के नाम पर चढ़ावे के रूप में गहने और पैसे मांगती थीं। मामले की जानकारी सामने आने के बाद स्थानीय विधायक रिकेश सेन ने दुर्गा समितियों और श्रद्धालुओं से सतर्क रहने की अपील की है।
गरबा पंडालों में पहुंचकर गहने मांगने का आरोपमिली जानकारी के मुताबिक, करीब 10 युवतियों पर गरबा पंडालों में पहुंचकर श्रद्धालुओं से आभूषण और नकदी मांगने का आरोप लगा है। बताया जा रहा है कि युवतियां माता की तस्वीर पर गहने चढ़ाने की बात कहकर लोगों से सोना-चांदी मांगती थीं।इस मामले को लेकर पंडालों में सतर्कता बरतने की अपील की जा रही है। हालांकि, युवतियों पर लगाए गए आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
पुलिस ने 10 युवतियों से की पूछताछमामले की जानकारी मिलने के बाद पुलिस ने 10 युवतियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की। विधायक रिकेश सेन की ओर से जारी सूचना के अनुसार, पूछताछ के बाद सभी युवतियों को फिलहाल छोड़ दिया गया है।पुलिस मामले से जुड़े तथ्यों की जांच करेगी। फिलहाल, आरोपों के संबंध में किसी अंतिम निष्कर्ष की जानकारी सामने नहीं आई है।विधायक रिकेश सेन ने समितियों से की अपीलविधायक रिकेश सेन ने दुर्गा समितियों और आम लोगों से अपील की है कि वे गरबा और डांडिया पंडालों में अनजान लोगों के प्रति सतर्क रहें। उन्होंने कहा कि माता के नाम पर किसी को भी सोना-चांदी या नकदी देने से पहले पूरी जानकारी लें।उन्होंने संदिग्ध गतिविधि दिखाई देने पर तत्काल पुलिस को सूचना देने की अपील भी की, ताकि समय रहते उचित कार्रवाई की जा सके।पुलिस जांच के बाद ही स्पष्ट होगा कि पंडालों में गहने और पैसे मांगने के पीछे क्या परिस्थितियां थीं और लगाए गए आरोपों में कितनी सच्चाई है।










