रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में आयोजित दो दिवसीय राज्य स्तरीय रोजगार मेला-2026 का गुरुवार को उत्साहपूर्ण समापन हुआ। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि प्रदेश के युवाओं को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, बेहतर कौशल प्रशिक्षण और उनकी योग्यता के अनुरूप रोजगार के अवसर उपलब्ध कराना राज्य सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने चयनित युवाओं को ऑफर लेटर प्रदान किए और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।सरदार बलबीर सिंह जुनेजा इंडोर स्टेडियम में 7 और 8 अक्टूबर को आयोजित इस रोजगार मेले में प्रदेशभर से 13 हजार से अधिक युवाओं ने हिस्सा लिया। विभिन्न कंपनियों की चयन प्रक्रिया के बाद 5 हजार से अधिक अभ्यर्थियों का अंतिम चयन हुआ। मुख्यमंत्री के हाथों लगभग 1,100 चयनित युवाओं को ऑफर लेटर सौंपे गए।
95 से अधिक नियोक्ता संस्थानों ने लिया हिस्सा
रोजगार मेले में 95 से अधिक पंजीकृत नियोक्ता संस्थानों के साथ विभिन्न कंपनियों ने भागीदारी की। आयोजन स्थल पर करीब 50 स्टॉल लगाए गए, जहां अभ्यर्थियों के दस्तावेजों का सत्यापन, साक्षात्कार और चयन की प्रक्रिया पूरी की गई।मेले में आईटीआई, डिप्लोमा, इंजीनियरिंग, स्नातक सहित विभिन्न शैक्षणिक और व्यावसायिक योग्यताओं वाले युवाओं के लिए रोजगार के अवसर उपलब्ध कराए गए। दूरस्थ और जनजातीय क्षेत्रों से भी बड़ी संख्या में युवा रोजगार पाने की उम्मीद लेकर पहुंचे।ढाई साल में 925 रोजगार मेले, 25,845 युवाओं को रोजगारमुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि राज्य सरकार युवाओं को रोजगार से जोड़ने के लिए योजनाबद्ध तरीके से काम कर रही है। पिछले ढाई वर्षों में प्रदेशभर में 925 रोजगार मेलों का आयोजन किया गया, जिनके माध्यम से 25 हजार 845 से अधिक युवाओं को रोजगार मिला है।उन्होंने कहा कि आज के समय में केवल शैक्षणिक योग्यता पर्याप्त नहीं है, बल्कि उद्योगों की जरूरतों के अनुरूप व्यावहारिक कौशल और प्रशिक्षण भी जरूरी है। सरकार युवाओं को शिक्षा से कौशल और कौशल से रोजगार तक जोड़ने की दिशा में लगातार प्रयास कर रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ में उच्च एवं तकनीकी शिक्षा की सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है। प्रदेश में आईआईटी, आईआईएम, ट्रिपल आईटी, एम्स और विधि विश्वविद्यालय जैसे प्रतिष्ठित संस्थान संचालित हैं। वहीं, प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए प्रयास जैसी संस्थाओं के माध्यम से अवसर दिए जा रहे हैं।ई-रोजगार पोर्टल बनेगा ‘स्किल मार्केट’राज्य सरकार ई-रोजगार पोर्टल को भविष्य में ‘स्किल मार्केट’ के रूप में विकसित करने की योजना पर काम कर रही है। इस डिजिटल प्लेटफॉर्म पर उद्योगों की आवश्यकताओं, उपलब्ध रिक्त पदों और रोजगार के इच्छुक युवाओं की शैक्षणिक योग्यता एवं कौशल की जानकारी एक ही स्थान पर उपलब्ध कराने का लक्ष्य है।रोजगार मेले में भी पंजीयन, आवेदन, उपस्थिति और चयन से जुड़ी प्रक्रियाओं को ई-रोजगार पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन संचालित किया गया। इससे प्रक्रिया को सरल, व्यवस्थित और पारदर्शी बनाने में मदद मिली।रोजगार नहीं मिलने वाले युवाओं को भी मिलेगा अवसरमुख्यमंत्री ने उन युवाओं का भी उत्साहवर्धन किया, जिन्हें इस बार रोजगार नहीं मिल पाया। उन्होंने कहा कि ऐसे युवाओं को निराश होने की जरूरत नहीं है। सरकार आगे भी रोजगार मेलों, कौशल विकास कार्यक्रमों और उद्योगों के साथ समन्वय के माध्यम से रोजगार के नए अवसर उपलब्ध कराने का प्रयास करती रहेगी।तकनीकी शिक्षा, कौशल विकास एवं रोजगार मंत्री गुरु खुशवंत साहेब ने कहा कि सरकार का उद्देश्य युवाओं को केवल प्रशिक्षण देना नहीं, बल्कि उनके हुनर को रोजगार और आजीविका के वास्तविक अवसरों से जोड़ना है। उद्योगों की आवश्यकताओं के अनुरूप युवाओं को प्रशिक्षित कर उन्हें रोजगार के लिए सक्षम बनाया जा रहा है।पॉलिटेक्निक संस्थानों की गुणवत्ता सुधार पर जोरकार्यक्रम में मुख्यमंत्री की उपस्थिति में क्वालिटी काउंसिल ऑफ इंडिया द्वारा प्रदेश के पॉलिटेक्निक महाविद्यालयों के लिए तैयार थर्ड पार्टी मूल्यांकन रिपोर्ट का विमोचन किया गया।
इस रिपोर्ट में संस्थानों के शैक्षणिक स्तर, प्रशिक्षण व्यवस्था, उपलब्ध अधोसंरचना और गुणवत्ता सुधार की संभावनाओं का आकलन किया गया है। रिपोर्ट के सुझावों के आधार पर संस्थानों के विकास और प्रशिक्षण की गुणवत्ता बेहतर बनाने के लिए कार्ययोजना तैयार की गई है।जनकल्याणकारी योजनाओं का भी किया उल्लेखमुख्यमंत्री ने सेवा संकल्प अभियान का उल्लेख करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जनसेवा के 25 वर्षों के उपलक्ष्य में प्रदेश में विभिन्न जनकल्याणकारी कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि रोजगार मेले में शामिल होने से पहले वे दुर्ग में आयोजित ‘सेवा सेतु’ कार्यक्रम में पहुंचे थे, जहां महतारी वंदन योजना की 32वीं किस्त जारी करने के साथ विभिन्न योजनाओं के हितग्राहियों को लाभान्वित किया गया।उन्होंने कहा कि राज्य सरकार महिला, युवा, किसान, श्रमिक और गरीब सहित समाज के प्रत्येक वर्ग को सशक्त बनाकर विकसित छत्तीसगढ़ के निर्माण की दिशा में आगे बढ़ रही है।कार्यक्रम में कैबिनेट मंत्री टंकराम वर्मा, बाल अधिकार संरक्षण आयोग की अध्यक्ष वर्णिका शर्मा, अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष अमरजीत छाबड़ा, विधायक सुनील सोनी, विधायक रोहित साहू सहित जनप्रतिनिधि, औद्योगिक प्रतिष्ठानों के प्रतिनिधि, विभागीय अधिकारी-कर्मचारी और बड़ी संख्या में युवा उपस्थित रहे।









