कवर्धा | छत्तीसगढ़ के कवर्धा जिले से एक रूह कपा देने वाली घटना सामने आई है। यहाँ एक बिल्डिंग मटेरियल कारोबारी ने उधार दिए करोड़ों रुपये वापस न मिलने और देनदार द्वारा जान से मारने की धमकी मिलने के बाद अपने पूरे परिवार के साथ आत्महत्या की कोशिश की। व्यापारी, उसकी पत्नी और दो मासूम बच्चों ने मंगलवार-बुधवार की दरमियानी रात जहर पी लिया। फिलहाल चारों की हालत नाजुक बनी हुई है और वे अस्पताल में जिंदगी और मौत की जंग लड़ रहे हैं।
आधी रात फोन कर भाई से कहा- ‘हमने जहर पी लिया है’
घटना कोतवाली थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले लोहारा रोड की है। व्यापारी योगेश जैन (42) ने अपनी पत्नी सुमन (37), बेटे प्रिंस (17) और बेटी तारिका (16) को पहले कीटनाशक पिलाया और फिर खुद भी पी लिया। रात करीब 2:30 बजे जब जहर का असर होने लगा, तो योगेश ने अपने बड़े भाई लक्ष्मीचंद को फोन कर इसकी जानकारी दी। आनन-फानन में परिजन मौके पर पहुंचे और सभी को निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया।
3 पन्नों के सुसाइड नोट में खुला ‘धोखे का खेल’
पुलिस को मौके से 3 पन्नों का एक सुसाइड नोट मिला है, जो इस पूरी त्रासदी की वजह बयान कर रहा है। सुसाइड नोट के मुख्य बिंदु इस प्रकार हैं
योगेश ने साल 2020 से 2025 के बीच ‘चार ट्रेडर्स’ के नाम पर करीब 3 करोड़ 20 लाख रुपये उधार दिए थे। नोट के मुताबिक, अलग-अलग मदों को मिलाकर यह राशि 5 करोड़ रुपये से अधिक हो चुकी है। योगेश ने आरोप लगाया कि जब उन्होंने पैसे मांगे, तो आरोपी समसुद्दीन ने पैसे देने से साफ मना कर दिया और धमकी दी कि “जो करना है कर लो, अगर ज्यादा दबाव डाला तो गाड़ी से कुचलवा दूंगा।”
परिजनों का दावा: योगेश के भाई लक्ष्मीचंद का कहना है कि आरोपी समसुद्दीन की धमकियों की रिकॉर्डिंग भी उनके पास मौजूद है। इसी मानसिक दबाव के कारण योगेश ने यह आत्मघाती कदम उठाया।
पुलिस की जांच और चुनौतियां
कोतवाली थाना प्रभारी योगेश कश्यप के मुताबिक, पुलिस ने घटनास्थल को सील कर दिया है और सुसाइड नोट को कब्जे में लेकर उसकी सत्यता की जांच की जा रही है। परिवार के चारों सदस्य फिलहाल अचेत (unconscious) हैं, जिसके कारण पुलिस अभी तक आधिकारिक बयान दर्ज नहीं कर पाई है। सुसाइड नोट में नामजद आरोपी समसुद्दीन और ‘चार ट्रेडर्स’ से जुड़े लोगों की भूमिका की जांच की जा रही है।










