कांकेर/तेलंगाना: छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले में 13 अप्रैल को हुए एनकाउंटर में मारी गई महिला नक्सली लीडर रूपी रेड्डी का अंतिम संस्कार तेलंगाना के मेडक जिले में किया गया। पोस्टमॉर्टम के बाद शव परिजनों को सौंपा गया, जिसके बाद 14 अप्रैल को अंतिम संस्कार संपन्न हुआ।
लाल झंडों के साथ निकली शव यात्रा
तेलंगाना में शव यात्रा के दौरान बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए। इस दौरान लाल झंडों के साथ यात्रा निकाली गई और डीजे पर नक्सली विचारधारा से जुड़े गीत भी बजाए गए। सोशल मीडिया पर इसका वीडियो वायरल हो गया है।
वायरल वीडियो में भीड़ और पोस्टर
वायरल वीडियो में ग्रामीणों के नाचते-गाते हुए दृश्य भी सामने आए हैं। साथ ही एक पोस्टर भी दिखाई दिया, जिसमें सरकार से रोजगार और सम्मान देने की मांग लिखी हुई थी।
पुलिस का बयान
इस मामले पर कांकेर पुलिस ने कहा है कि यह घटना तेलंगाना की है, इसलिए वहां की स्थानीय पुलिस ही इस पर कार्रवाई करेगी। एसपी निखिल राखेचा ने बताया कि एनकाउंटर के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया था।
एनकाउंटर की पृष्ठभूमि
गौरतलब है कि 13 अप्रैल को छोटेबेठिया क्षेत्र के जंगलों में पुलिस और नक्सलियों के बीच मुठभेड़ हुई थी, जिसमें एरिया कमेटी मेंबर (ACM) रूपी रेड्डी मारी गई थी। उसके पास से एक पिस्टल भी बरामद की गई थी।
पुलिस के अनुसार, रूपी लंबे समय से सक्रिय नक्सली गतिविधियों में शामिल थी और उसे आत्मसमर्पण के लिए लगातार समझाइश दी जा रही थी, लेकिन वह संगठन में सक्रिय रही।
रूपी रेड्डी नक्सली स्टेट कमेटी मेंबर विजय रेड्डी की पत्नी थी, जो पहले ही एक अन्य मुठभेड़ में मारा जा चुका था।










