बलरामपुर। छत्तीसगढ़ के बलरामपुर जिला अस्पताल में गुरुवार देर रात एक दिल दहला देने वाली घटना घटी। अस्पताल की दूसरी मंजिल से गिरने के कारण एक 50 वर्षीय महिला मरीज की मौत हो गई। प्रारंभिक जांच और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर पुलिस और अस्पताल प्रबंधन इसे आत्महत्या का मामला मान रहे हैं।
इलाज के दौरान लापता हुई महिला
प्राप्त जानकारी के अनुसार, बलरामपुर थाना क्षेत्र के ग्राम सेंदूर की रहने वाली कलेश्वरी (50 वर्ष) को पेट दर्द और बुखार की शिकायत के बाद 27 अप्रैल को अस्पताल में भर्ती कराया गया था। गुरुवार रात लगभग 12:30 बजे जब उनके पति रामधनी और बेटी मंजू सिंह की नींद खुली, तो उन्होंने कलेश्वरी को बेड पर नहीं पाया। काफी खोजबीन के बाद महिला अस्पताल परिसर में नीचे लहूलुहान और गंभीर हालत में मिली।
अस्पताल में हड़कंप, रास्ते में तोड़ा दम
परिजनों ने आनन-फानन में उन्हें इमरजेंसी वार्ड पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार के बाद उनकी नाजुक हालत को देखते हुए अंबिकापुर मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया। लेकिन दुर्भाग्यवश, अंबिकापुर ले जाते समय रास्ते में ही महिला ने दम तोड़ दिया। इस घटना के बाद से पूरे अस्पताल प्रबंधन में हड़कंप मच गया है।
CCTV फुटेज से खुला राज
अस्पताल प्रबंधन ने घटना की गंभीरता को देखते हुए सीसीटीवी कैमरों की जांच की। फुटेज में रात करीब 12:15 बजे महिला अकेले सीढ़ियों और रैंप के जरिए दूसरी मंजिल की छत की ओर जाती दिखाई दे रही है। महिला छत पर वहां तक गई जहां पानी की टंकियां रखी थीं। वहां सीसीटीवी का कवरेज नहीं था। पुलिस का मानना है कि महिला ने वहीं से छलांग लगाकर खुदकुशी की है, क्योंकि उस वक्त वहां कोई और मौजूद नहीं था।
जांच में जुटी पुलिस
महिला ने यह आत्मघाती कदम क्यों उठाया, इसका कारण अभी तक स्पष्ट नहीं हो पाया है। परिजनों का कहना है कि वे अस्पताल में ही मौजूद थे और सब कुछ सामान्य लग रहा था। बलरामपुर पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और शव का पोस्टमार्टम कराकर जांच शुरू कर दी है। अस्पताल की सुरक्षा व्यवस्था और वार्डों में रात के समय निगरानी को लेकर भी अब सवाल उठ रहे हैं।










