भाटापारा। छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार-भाटापारा जिले से कानून-व्यवस्था को ठेंगा दिखाने वाला एक बेहद हैरान करने वाला वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। भाटापारा ग्रामीण थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले ग्राम देवरी का एक कथित मारपीट का वीडियो सामने आया है, जिसमें कुछ लोग मिलकर एक युवक की बेरहमी से पिटाई कर रहे हैं। खुलेआम हुई इस तालिबानी बर्बरता का वीडियो सामने आने के बाद से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया है और स्थानीय प्रशासन की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
चारों तरफ से घेरकर बरसाए लाठी-डंडे
सोशल मीडिया के विभिन्न प्लेटफॉर्म पर तेजी से तैर रहे इस वायरल वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि आधा दर्जन से अधिक लोग एक युवक को चारों ओर से घेरे हुए हैं। हमलावरों के हाथों में बांस और लाठी-डंडे हैं, जिससे वे युवक पर लगातार ताबड़तोड़ वार कर रहे हैं। पीड़ित युवक जमीन पर गिरकर खुद को बचाने की नाकाम कोशिश करता दिखाई दे रहा है, लेकिन हमलावर उस पर लात-घूंसों और डंडों की बरसात करने से बाज नहीं आ रहे हैं। इस दौरान वहां मौजूद किसी शख्स ने इस पूरी वारदात का वीडियो अपने मोबाइल में कैद कर लिया।
मारपीट की वजह अब तक अज्ञात
इस सनसनीखेज घटना को लेकर क्षेत्र में तरह-तरह की चर्चाएं व्याप्त हैं, लेकिन फिलहाल यह आधिकारिक तौर पर स्पष्ट नहीं हो पाया है कि युवक के साथ इस कदर बर्बरतापूर्ण मारपीट क्यों की गई। घटना के पीछे की मुख्य वजह, पुरानी रंजिश है या कोई तात्कालिक विवाद, इसको लेकर अभी तक कोई भी पुख्ता जानकारी सामने नहीं आई है।
पुलिस जांच और आधिकारिक बयान का इंतजार
स्थानीय सूत्रों के मुताबिक, यह वीडियो ग्राम देवरी का ही है। हालांकि, भाटापारा ग्रामीण थाना पुलिस की ओर से अभी तक इस मामले में कोई आधिकारिक बयान या प्रेस नोट जारी नहीं किया गया है। पुलिस विभाग के सूत्रों का कहना है कि वायरल वीडियो का संज्ञान लिया जा रहा है। वीडियो की सत्यता की जांच, घटना की सही तारीख और समय का पता लगाने के साथ ही वीडियो में दिख रहे हमलावरों की पहचान की जा रही है। पुलिस की प्राथमिक जांच और पीड़ितों के बयान दर्ज होने के बाद ही मामले का असली सच सामने आ सकेगा।
स्थानीय लोगों में दहशत और आक्रोश
दिनदहाड़े या सरेआम इस तरह की सामूहिक हिंसा का वीडियो सामने आने के बाद भाटापारा और ग्रामीण अंचलों के नागरिकों के बीच अपनी सुरक्षा को लेकर चिंता और डर का माहौल है। लोगों का कहना है कि अगर अपराधियों में कानून का खौफ नहीं रहेगा, तो ऐसी घटनाएं आम हो जाएंगी। अब क्षेत्र की जनता की नजरें पुलिस प्रशासन की त्वरित कार्रवाई और आरोपियों की गिरफ्तारी पर टिकी हुई हैं।









