रायपुर। अधर्म पर धर्म और असत्य पर सत्य की विजय का प्रतीक विजयादशमी का पर्व राजधानी रायपुर में पारंपरिक उत्साह के साथ मनाया जाएगा। शहर के विभिन्न मैदानों और बस्तियों में रावण दहन की तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। इस बार WRS कॉलोनी के दशहरा मैदान में 101 फीट ऊंचे रावण के पुतले का दहन प्रमुख आकर्षण रहेगा। वहीं, आमापारा, अग्रसेन चौक मार्ग और बांसटाल क्षेत्र में रावण, कुंभकरण और मेघनाथ के पुतलों की दुकानें भी सज गई हैं।
WRS मैदान में 101 फीट ऊंचे रावण का होगा दहन
WRS कॉलोनी स्थित दशहरा मैदान में रावण, कुंभकरण और मेघनाथ के पुतलों के निर्माण पर कुल 3.03 लाख रुपये खर्च किए गए हैं। आयोजन समिति के प्रमुख एवं उत्तर क्षेत्र के विधायक पुरंदर मिश्रा के अनुसार, 101 फीट ऊंचे रावण के पुतले को तैयार करने में डेढ़ लाख रुपये की लागत आई है।
कार्यक्रम के दौरान रंग-बिरंगी आतिशबाजी भी की जाएगी। भगवान श्रीराम के स्वरूप द्वारा अग्निबाण चलाकर रावण दहन किया जाएगा। आयोजन में बड़ी संख्या में लोगों के पहुंचने की संभावना को देखते हुए सुरक्षा सहित अन्य व्यवस्थाएं की गई हैं। अनुमान है कि इस आयोजन को देखने करीब पांच लाख लोग पहुंच सकते हैं।
बाजार में 150 रुपये से 25 हजार रुपये तक के पुतले
दशहरे को लेकर शहर के बाजारों में भी रौनक बढ़ गई है। आमापारा, अग्रसेन चौक मार्ग और बांसटाल रूट पर कारीगरों ने रावण, कुंभकरण और मेघनाथ के पुतले बिक्री के लिए सजाए हैं। इनकी कीमत 150 रुपये से लेकर 25 हजार रुपये तक है।
कारीगर रोहित सिन्हा और सुरेश ढीवर के मुताबिक, बच्चों की पसंद को ध्यान में रखते हुए इस बार करीब दो फीट ऊंचे छोटे पुतले भी तैयार किए गए हैं। वहीं, कॉलोनियों और बस्तियों में दशहरा मनाने वाले युवा समूह 10 से 12 फीट ऊंचे पुतलों की खरीदारी में रुचि दिखा रहे हैं। ऐसे समूहों के लिए रावण, कुंभकरण और मेघनाथ के पुतलों के सेट 20 से 25 हजार रुपये तक में उपलब्ध हैं।
बांस, पैरा और रंगीन कागज से बनते हैं पुतले
पुतला निर्माण के व्यवसाय से जुड़े मंगतु राम निषाद बताते हैं कि पहले बांसटाल में ही पुतले तैयार किए जाते थे और ग्राहकों की संख्या भी कम रहती थी। अब मांग बढ़ने के साथ शहर के कई प्रमुख मार्गों पर पुतलों की दुकानें लगने लगी हैं।
पुतलों का ढांचा बनाने के लिए बांस और पैरा का इस्तेमाल किया जाता है। इसके बाद रंगीन कागज और रंगों की मदद से उन्हें आकर्षक रूप दिया जाता है। पुतलों में पटाखे लगाने की जिम्मेदारी उन्हें खरीदने वाले लोग निभाते हैं।
रावणभाठा, बूढ़ापारा और शंकर नगर में भी होंगे आयोजन
WRS मैदान के अलावा राजधानी के अन्य इलाकों में भी दशहरा उत्सव मनाया जाएगा। रावणभाठा मैदान में नगर निगम की ओर से साफ-सफाई, रोशनी, पेयजल और अग्निशमन जैसी व्यवस्थाएं की जा रही हैं।
वहीं, बूढ़ापारा स्थित सप्रे स्कूल मैदान में 50 फीट ऊंचे रावण का दहन होगा। शंकर नगर के बीटीआई मैदान में भी दशहरा उत्सव की तैयारियां की गई हैं। शहर के विभिन्न आयोजन स्थलों पर भजन, रामलीला और आतिशबाजी के कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
विजयादशमी पर रायपुर पुलिस करेगी शस्त्र पूजा
विजयादशमी के अवसर पर रायपुर पुलिस भी अपनी पारंपरिक शस्त्र पूजा की रस्म निभाएगी। पुलिस लाइन में सुबह से ही अस्त्र-शस्त्रों की पूजा का आयोजन होगा। इस तरह राजधानी में धार्मिक आयोजनों, रामलीला और रावण दहन के साथ पुलिस की पारंपरिक शस्त्र पूजा भी पर्व का हिस्सा रहेगी।
कुल मिलाकर, विजयादशमी के अवसर पर रायपुर में धर्म की विजय का संदेश देने वाले आयोजनों को लेकर उत्साह है। WRS मैदान का 101 फीट ऊंचा रावण और शहर के विभिन्न क्षेत्रों में होने वाले रावण दहन कार्यक्रम लोगों के आकर्षण का केंद्र रहेंगे।










