कवर्धा (कबीरधाम)।
छत्तीसगढ़ के कबीरधाम जिले से एक बड़ी खबर सामने आ रही है, जहां पंडरिया विकासखंड स्थित कस्तूरबा गांधी कन्या छात्रावास में एक साथ 10 से 15 छात्राओं की तबीयत अचानक बिगड़ गई। छात्राओं को उल्टी, दस्त और पेट दर्द की गंभीर शिकायत के बाद तत्काल नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। शुरुआती जांच में इस पूरे मामले को फूड पॉइजनिंग (खाद्य विषाक्तता) से जोड़कर देखा जा रहा है। हालांकि, राहत की बात यह है कि सभी छात्राओं की हालत फिलहाल खतरे से बाहर और सामान्य बताई जा रही है।
पेट दर्द के बाद शुरू हुई उल्टी-दस्त की शिकायत
मिली जानकारी के अनुसार, मामला पंडरिया थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले ग्राम दुल्लापुर बाजार स्थित कस्तूरबा गांधी कन्या छात्रावास का है। रविवार/सोमवार को छात्रावास में रह रही 10 से 15 छात्राओं ने अचानक पेट में तेज दर्द होने की शिकायत की। देखते ही देखते कुछ ही देर में छात्राओं को उल्टी और दस्त होने शुरू हो गए, जिससे पूरे छात्रावास परिसर में हड़कंप मच गया।
प्राथमिक और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में कराया गया भर्ती
छात्राओं की बिगड़ती स्थिति को देखते हुए छात्रावास की प्रभारी अधीक्षक ने तत्परता दिखाई और बिना वक्त गंवाए सभी बीमार बच्चियों को इलाज के लिए सबसे पहले प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र भेजा। वहां डॉक्टरों की टीम ने तुरंत इलाज शुरू किया।
शुरुआती उपचार के बाद, 4 छात्राओं की नाजुक स्थिति को देखते हुए उन्हें बेहतर इलाज के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) पंडरिया रेफर कर दिया गया, जहां उन्हें भर्ती कर कड़ी निगरानी में रखा गया है। वहीं, शेष छात्राओं का इलाज प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में ही जारी है।
प्रबंधन और भोजन की गुणवत्ता पर उठे सवाल
इस घटना के बाद एक बार फिर सरकारी छात्रावासों में मिलने वाले भोजन और पानी की गुणवत्ता पर सवाल खड़े होने लगे हैं। कयास लगाए जा रहे हैं कि रात के खाने या दूषित पानी की वजह से छात्राएं फूड पॉइजनिंग का शिकार हुईं। फिलहाल प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की टीम मामले की विस्तृत जांच कर रही है ताकि फूड पॉइजनिंग के सटीक कारणों का पता लगाया जा सके।









