रायपुर। बहुचर्चित शराब घोटाला मामले में बुधवार को विशेष कोर्ट ने बड़ी राहत देते हुए आरोपी सौम्या चौरसिया और केके श्रीवास्तव को जमानत दे दी है। कोर्ट ने दोनों को पासपोर्ट जमा करने और ट्रायल के दौरान जांच में पूरा सहयोग करने के निर्देश दिए हैं।
इस मामले में आर्थिक अपराध अन्वेषण शाखा (EOW) और एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) ने 1033 पन्नों का विस्तृत चालान पेश किया है, जिसमें घोटाले से जुड़े कई अहम साक्ष्य और तथ्यों का उल्लेख किया गया है।
इन धाराओं के तहत दर्ज है मामला
EOW ने अपराध क्रमांक 04/2024 के तहत मामला दर्ज किया है। इसमें भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 (संशोधित 2018) की धारा 7 और 12 के साथ-साथ भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 420, 467, 468, 471 और 120-बी शामिल हैं।
जांच में क्या आया सामने
जांच के दौरान वेलकम डिस्टलरी (कोटा, बिलासपुर) और भाटिया वाइंस डिस्टलरी (सरगांव, मुंगेली) से कुल 16 वाहनों को जब्त किया गया था। इसके अलावा, दुर्ग स्थित डिस्टलरी से जब्त 3 वाहनों की जांच में मिले डिजिटल और भौतिक साक्ष्यों से यह सामने आया है कि इनका उपयोग अवैध शराब (पार्ट-बी) के परिवहन में किया जाता था।
आगे की कार्रवाई
EOW-ACB द्वारा मामले की जांच जारी है और आने वाले समय में और खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है। कोर्ट में ट्रायल के दौरान आरोपियों की भूमिका और घोटाले के पूरे नेटवर्क पर विस्तृत सुनवाई होगी।










