नवापारा-राजिम / रायपुर।
दिल्ली से शुरू हुई राजनीतिक चिंगारी ने छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में बड़ा सियासी बवंडर खड़ा कर दिया है। दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आवास के बाहर लोकसभा में नेता-प्रतिपक्ष राहुल गांधी के नेतृत्व में हुए प्रदर्शन के विरोध में बुधवार को छत्तीसगढ़ भाजपा ने रायपुर स्थित कांग्रेस मुख्यालय (कांग्रेस भवन) का घेराव किया।
घेराव के दौरान भाजपा और कांग्रेस कार्यकर्ताओं के बीच तीखी झड़प, पथराव और हंगामा हुआ, जिसमें कई कार्यकर्ता, पुलिसकर्मी और पत्रकार घायल हो गए। पुलिस ने मामले में दर्जनभर कांग्रेसियों पर मामला दर्ज किया है, जिसे लेकर पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने सरकार और पुलिस पर सीधा हमला बोला है।
राहुल गांधी देश में श्रीलंका और नेपाल जैसी स्थिति पैदा करना चाहते हैं: भाजपा
भाजपा प्रदेशाध्यक्ष किरण सिंह देव के नेतृत्व में आयोजित इस घेराव प्रदर्शन में प्रदेश सरकार के मंत्री, विधायक और युवा नेता किशोर देवांगन सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता शामिल हुए।
भाजपा नेताओं ने प्रदर्शन के उद्देश्यों को स्पष्ट करते हुए कांग्रेस की नीतियों पर कड़ा प्रहार किया:
- मानसिक कुंठा का आरोप: युवा भाजपा नेता किशोर देवांगन ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व के आगे राहुल गांधी के मार्गदर्शन में कांग्रेस 99 से अधिक चुनाव हार चुकी है। इसी कुंठा में राहुल गांधी देश की जनता को भड़काकर श्रीलंका, पाकिस्तान और नेपाल जैसे हिंसक हालात भारत में पैदा करना चाहते हैं।
- सुरक्षा पर गंभीर सवाल: भाजपा नेताओं ने चिंता जताते हुए कहा कि मंगलवार को राहुल गांधी ने बिना प्रशासनिक अनुमति के अत्यधिक प्रतिबंधित क्षेत्र (PM आवास) के बाहर सैकड़ों लोगों के साथ धरना दिया। यदि उकसाई गई भीड़ पीएम आवास में घुसकर कोई अनहोनी कर देती, तो उसका जिम्मेदार कौन होता?
- वैश्विक छवि को नुकसान: भाजपा का कहना है कि खुद को “खानदानी बादशाह” समझने वाले राहुल गांधी को देश, संविधान और लोकतंत्र की कोई चिंता नहीं है। इस तरह की हरकतों से दुनिया भर में भारत का नकारात्मक संदेश जाता है। इसी शर्मनाक हरकत का कड़ा जवाब देने के लिए भाजपा ने यह घेराव किया था।
“हद में रहिए बीजेपी वालों…” – भूपेश बघेल की पुलिस और सरकार को कड़ी चेतावनी
दूसरी ओर, कांग्रेस भवन पर हुए हमले और पुलिस द्वारा कांग्रेस कार्यकर्ताओं पर ही FIR दर्ज किए जाने पर पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने सोशल मीडिया पर कड़े शब्दों में अपना आक्रोश व्यक्त किया।
पूर्व CM भूपेश बघेल का बयान:
“हद में रहिए बीजेपी वालों… कल घेराव के नाम पर भाजपा के लोगों ने रायपुर में कांग्रेस मुख्यालय पर हमला किया। भाजपा के सारे मंत्री भी लोकतांत्रिक मर्यादाओं को ताक में रखकर इसमें शामिल हुए। आदतन उपद्रवी इन तत्वों ने पत्थर फेंके और पुलिस ने पानी की बौछारें छोड़ीं।”
पुलिसिया संरक्षण और चेतावनी
भूपेश बघेल ने इस पूरी घटना को दिल्ली की तर्ज पर पुलिस के संरक्षण में कराया गया “सुनियोजित हमला” करार दिया। उन्होंने आगे लिखा:
“पुलिस ने FIR भी हमारे ही लोगों पर दर्ज कर ली। भाजपा से तो हम निपट लेंगे, लेकिन छत्तीसगढ़ पुलिस के अधिकारी ध्यान रखें—भाजपा कुछ ही महीनों की मेहमान है। फिर मिलेंगे…“
रायपुर में तनावपूर्ण माहौल
NEET पेपर लीक और दिल्ली में हुए प्रदर्शनों की आंच में रायपुर का यह राजनीतिक टकराव अब बेहद गंभीर रूप ले चुका है। एक तरफ जहां भाजपा इसे देश की सुरक्षा और मर्यादा से जुड़ा विषय बताकर कांग्रेस पर हमलावर है, वहीं कांग्रेस इसे सत्ता के संरक्षण में किया गया गुंडागर्दी और पुलिस की बर्बरता बता रही है।









