रायपुर। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) से जुड़े मामले में आज एक बड़ी खबर सामने आई है। छत्तीसगढ़ के पूर्व आबकारी मंत्री कवासी लखमा को कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच अदालत में पेश किया गया। करीब 11 महीने से जेल में बंद कवासी लखमा को जनवरी में गिरफ्तारी के बाद पहली बार कोर्ट में पेश किया गया, जिससे राजनीतिक और प्रशासनिक हलकों में चर्चा तेज हो गई है।
कोर्ट परिसर में सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए थे। पुलिस और अन्य सुरक्षा एजेंसियों की निगरानी में पूर्व मंत्री को अदालत लाया गया। पेशी के दौरान कवासी लखमा ने अपनी स्थिति को लेकर कई गंभीर बातें कहीं। उन्होंने कहा कि जेल भेजे जाने के बाद से वह लगातार कोर्ट में पेश किए जाने की मांग कर रहे थे, लेकिन इसके बावजूद उन्हें आज पहली बार अदालत में लाया गया।
सेहत को लेकर जताई चिंता
कोर्ट में पेशी के बाद मीडिया से बातचीत में कवासी लखमा ने अपनी खराब सेहत को लेकर चिंता जताई। उन्होंने बताया कि वह लंबे समय से बीपी, शुगर और हार्ट संबंधी बीमारियों से पीड़ित हैं। इसके बावजूद उन्हें समुचित और समय पर इलाज नहीं मिल पा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं के बावजूद उनकी चिकित्सा आवश्यकताओं की अनदेखी की जा रही है।
कानूनी अधिकारों के हनन का आरोप
पूर्व मंत्री ने आरोप लगाया कि उनके साथ कानून का सम्मान न करते हुए व्यवहार किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि बार-बार आग्रह करने के बावजूद उन्हें समय पर कोर्ट में पेश नहीं किया गया, जो उनके कानूनी अधिकारों का उल्लंघन है। उनका कहना था कि यदि उन्हें पहले ही अदालत में पेश किया जाता, तो वह अपनी बात मजबूती से रख पाते।
विधानसभा सत्र में शामिल न हो पाने की पीड़ा
कवासी लखमा ने मौजूदा विधानसभा सत्र का जिक्र करते हुए कहा कि एक जनप्रतिनिधि होने के नाते सत्र में शामिल होना उनका अधिकार और कर्तव्य है, लेकिन जेल में बंद होने के कारण वह ऐसा नहीं कर पा रहे हैं। उन्होंने कहा, “अब क्या कर सकते हैं,” कहते हुए अपनी मजबूरी और बेबसी जाहिर की।
इलाज के लिए बाहर ले जाने की मांग
पूर्व मंत्री ने यह भी बताया कि उन्होंने इलाज के लिए बाहर ले जाने की मांग की थी, लेकिन इस दिशा में कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। उन्होंने आरोप लगाया कि उन्हें मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा है। भावुक होते हुए उन्होंने कहा, “अब ऊपर वाला ही जाने,” जिससे उनकी मानसिक स्थिति का अंदाजा लगाया जा सकता है।










