रायगढ़। छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले की लैलूंगा पुलिस ने अपहरण की एक सनसनीखेज वारदात को सुलझाने में बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए महज 24 घंटे के भीतर अपहृत युवक को झारखंड से सकुशल बरामद कर लिया और अपहरण में शामिल तीन मुख्य आरोपियों को सलाखों के पीछे पहुंचा दिया है।
लेनदेन के विवाद में घर में घुसकर किया था अपहरण
घटना 10 मई की दोपहर करीब 3:30 बजे की है। प्रार्थी शिवप्रसाद बंजारा के अनुसार, झारखंड निवासी पवन साहू अपने दो साथियों विष्णु साहू और नरेश उर्फ नरेंद्र साहू के साथ दो स्कॉर्पियो वाहनों में सवार होकर उनके घर पहुंचा। आरोपियों ने घर में घुसकर 12 लाख रुपये के बकाया लेनदेन की बात को लेकर रवि नारायण बंजारा (26 वर्ष) के साथ मारपीट की और उसे जबरन गाड़ी में बैठाकर फरार हो गए।
पुलिस की विशेष टीम ने रांची में दी दबिश
मामले की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी शशि मोहन सिंह के निर्देशन में एक विशेष टीम गठित की गई। पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों का पीछा किया और झारखंड की राजधानी रांची में दबिश दी। पुलिस टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए रवि बंजारा को आरोपियों के चंगुल से छुड़वाया और तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
अपराध में प्रयुक्त दो स्कॉर्पियो वाहन जब्त
पुलिस ने आरोपियों के पास से घटना में प्रयुक्त दोनों वाहन (CG 14 MU 1197 और JH 01 DV 6413) जब्त कर लिए हैं। आरोपियों के खिलाफ लैलूंगा थाने में BNS की धारा 140(2) और 3(5) के तहत अपराध पंजीबद्ध किया गया है। प्रारंभिक पूछताछ में पता चला है कि अपहृत युवक और आरोपियों के बीच धान खरीदी-बिक्री के व्यापार को लेकर पुराना विवाद था।
एसएसपी का सख्त संदेश: कानून से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं
एसएसपी शशि मोहन सिंह ने इस सफल ऑपरेशन के बाद स्पष्ट संदेश दिया कि रायगढ़ जिले में कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों के लिए कोई जगह नहीं है। उन्होंने कहा, “किसी को डराना, धमकाना या अपहरण करना गंभीर अपराध है। कानून को हाथ में लेने वालों के खिलाफ रायगढ़ पुलिस इसी तरह की कठोरतम कार्रवाई जारी रखेगी।”










