अंबिकापुर: अंबिकापुर में एक निजी स्कूल की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। सरगुजिहा बोली बोलने वाले एक बच्चे को प्रवेश देने से इनकार करने के मामले में शिक्षा विभाग ने सख्त रुख अपनाया है।
क्या है मामला?
जानकारी के अनुसार, शहर के स्वरंग किड्स एकेडमी में एक बच्चे को सिर्फ इसलिए एडमिशन नहीं दिया गया क्योंकि वह सरगुजिहा बोली बोलता था। मामला सामने आने के बाद अभिभावकों और स्थानीय लोगों में नाराजगी फैल गई।
शिक्षा विभाग की सख्ती
मामले को गंभीरता से लेते हुए जिला शिक्षा अधिकारी संजीव कुमार सिंह ने स्कूल प्रबंधन को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। नोटिस में साफ कहा गया है कि यह कृत्य राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के प्रावधानों के खिलाफ है, जिसमें मातृभाषा और स्थानीय भाषाओं को बढ़ावा देने पर जोर दिया गया है।
बंद करने की चेतावनी
जारी नोटिस में यह भी स्पष्ट किया गया है कि यदि स्कूल प्रबंधन संतोषजनक जवाब नहीं देता है, तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। इसमें स्कूल की मान्यता रद्द करने या उसे स्थायी रूप से बंद करने जैसे कदम भी शामिल हो सकते हैं।
मंत्री के निर्देश पर कार्रवाई
बताया जा रहा है कि प्रदेश के शिक्षा मंत्री के निर्देश के बाद प्रशासन ने तुरंत इस मामले में संज्ञान लिया और जांच शुरू की। फिलहाल शिक्षा विभाग स्कूल प्रबंधन के जवाब का इंतजार कर रहा है।










